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पृष्ठभूमि: अत्यधिक हृदय वसा कोरोनरी एथेरोस्क्लेरोसिस के लिए जिम्मेदार है, जो कई सक्रिय साइटोकाइन का स्राव करता है और इंसुलिन संवेदनशीलता को नियंत्रित करता है। मरीज कोरोनरी धमनी रोग (CAD) के कारण एक गिरते चक्र का अनुभव करते हैं, जिससे शारीरिक गतिविधि कम होती है और व्यायाम सहनशीलता धीरे-धीरे बिगड़ जाती है। अतिरिक्त रूप से, CAD वाले लोगों की कार्यात्मक क्षमताएं कम होती हैं, दैनिक गतिविधियों को करने की क्षमता घटती है, और जीवन की गुणवत्ता (QOL) कम होती है। उद्देश्य: इस अध्ययन का उद्देश्य CAD मरीजों में कार्यात्मक क्षमता और एपिकार्डियल वसा ऊतक की मोटाई के बीच सह-संबंध स्थापित करना है। सामग्री और विधियाँ: इस अध्ययन में 22 CAD मरीजों को शामिल किया गया, जो अध्ययन की समावेशन मानदंडों को पूरा करते हैं, जिसमें क्रॉस-सेक्शनल शोध डिज़ाइन का उपयोग किया गया। डेटा एक्जियोग्राफी के बाद एक बार CAD के निदान की पुष्टि होने के बाद एकत्रित किया गया। जनसांख्यिकीय डेटा और आधारभूत मापों को परीक्षा शुरू करने से पहले दर्ज किया गया। ट्रेडमिल तनाव परीक्षण और 2D इकोकार्डियोग्राफी की गई। परिणाम: औसत आयु समूह 54.13±6.76, ऊँचाई (160.5±9.84), वजन (66.6±6.542), और पुरुष/महिला 13/09 था। औसत Vo2max 20.97+6.4 mL/kg/min, और औसत एपिकार्डियल वसा ऊतक की मोटाई (EAT) 12.72+2.78 मिमी थी। कार्यात्मक क्षमता और EAT के बीच एक नकारात्मक सह-संबंध (r = -0.05) दिखाई दिया और एक गैर-नागरिक परिणाम पाया गया। निष्कर्ष: अध्ययन concludes करता है कि CAD मरीजों में सामान्य से अधिक EAT था और कम VO2 max था लेकिन कार्यात्मक क्षमता में महत्वपूर्ण EAT मोटाई में परिवर्तन नहीं मिला। कुंजी शब्द: एपिकार्डियल वसा ऊतक मोटाई, कोरोनरी धमनी रोग, कार्यात्मक क्षमता, ट्रेडमिल तनाव परीक्षण।
ठाकरे और अन्य (शुक्रवार,) ने इस प्रश्न का अध्ययन किया।