यह लेख 2007 से 2021 तक पूर्व सोवियत देशों में प्रवासन के पुश-फैक्टर के रूप में भ्रष्टाचार का अध्ययन करता है। विश्लेषण का उद्देश्य यह तर्क करना है कि क्या कमजोर शासन और खराब संस्थागत गुणवत्ता इस क्षेत्र से लोगों के लगातार प्रवास को प्रभावित करती है। बारह पूर्व सोवियत देशों के पैनल डेटासेट का उपयोग करते हुए, यह पेपर फिक्स्ड इफेक्ट्स, इंस्ट्रुमेंटल वेरिएबल्स (IV) और डायनामिक पैनल (GMM) का अनुमान लगाने के लिए इस्तेमाल करता है, ताकि अवलोकित क्षमताओं और एंडोजनिटी के पूर्वाग्रहों को नियंत्रित किया जा सके। अनुभवजन्य परिणाम बताते हैं कि भ्रष्टाचार का उच्च स्तर संभावित प्रवासन को बढ़ाता है, एक असुरक्षित आर्थिक वातावरण, खराब संस्थागत और सरकारी प्रदर्शन और घटते सार्वजनिक विश्वास को उत्पन्न करता है।
अलिया इस्माइलोवा (गुरुवार,) ने इस प्रश्न का अध्ययन किया।