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उद्देश्य: काला/अफ्रीकी अमेरिकी (बी/एए) पैंक्रियाटिक डक्टल एडेनोकार्सिनोमा (पीडीएसी) रोगियों के नैदानिक परिणाम सफेद रोगियों की तुलना में खराब हैं और ये जेनेटिक डेटाबेस में कम प्रतिनिधित्वित हैं। हम विविध समूह से पीडीएसी सोमैटिक परिदृश्य की समझ को विस्तारित करना चाहते थे। सामग्री और विधियाँ: 24 सर्जिकली रिसेक्टेड पीडीएसी मामलों से फॉर्मलिन-फिक्स्ड पैराफिन-एंबेडेड नमूने इकट्ठा किए गए, जिसमें स्व-सूचित जाति/जातीयता थी। खराब और सौम्य ऊतकों पर समग्र एक्सोम अनुक्रमण किया गया। बायोइन्फोर्मेटिक्स विश्लेषण में आनुवंशिक पूर्वजों की पहचान और सोमैटिक म्यूटेशनल विश्लेषण शामिल था, जिसमें सार्वजनिक डेटासेट्स के साथ तुलना की गई। परिणाम: 24 मामलों में से 17 ने बी/एए जाति के रूप में पहचाना; आनुवंशिक पूर्वजों के विश्लेषण ने 47% से अधिक उप-सहारा अफ्रीकी पूर्वजों के अनुपात की पुष्टि की। सबसे सामान्य म्यूटेशन वाले जीनों में KRAS, TP53, SMAD4 और CDKN2A शामिल थे। हमारे समूह में म्यूटेशनों की तुलना सार्वजनिक रूप से उपलब्ध, मुख्यतः सफेद डेटासेट्स के मुकाबले ATM, RREB1, BRCA1/2, KDM6A, ARID1A, BRAF और MYC (P < 0.04) की उच्च म्यूटेशन आवृत्तियाँ दिखाईं। जब समूहों को मिलाकर जाति के अनुसार विश्लेषण किया गया, तब म्यूटेशन आवृत्तियों में कोई अंतर नहीं देखा गया, जिसमें KRAS भी शामिल है। निष्कर्ष: बी/एए और सफेद रोगियों से पीडीएसी ट्यूमर का जीनोमिक विश्लेषण म्यूटेशन आवृत्तियों में समानताएँ दर्शाता है। महत्त्वपूर्ण अध्ययन जरूरी हैं ताकि महाद्वीपीय उपजनसंख्याओं में आणविक विशेषताओं को और अधिक समझा जा सके। यह अध्ययन जेनेटिक डेटाबेस और नैदानिक परीक्षणों में विविध रोगियों के समान प्रतिनिधित्व के लिए और अधिक तर्क प्रदान करता है।
Riner et al. (मंगलवार,) ने इस प्रश्न का अध्ययन किया।