यह अध्ययन 1995 से 2024 के बीच निजी कंपनियों में मानव संसाधन प्रबंधन (HRM) रणनीतियों के परिवर्तन का अन्वेषण करता है, जो तकनीकी और सामाजिक-आर्थिक परिवर्तनों के बीच कर्मचारी संतोष और बनाए रखने पर जोर देता है। मिश्रित विधियों के दृष्टिकोण का उपयोग करते हुए, इस अनुसंधान में यह देखा गया है कि डिजिटल नवप्रवर्तन, दूरस्थ काम, और विकसित होती कार्यबल जनसांख्यिकी ने HR प्रथाओं को कैसे फिर से आकार दिया है। निष्कर्ष बताते हैं कि अग्रदृष्टि HRM, जैसे लचीली शेड्यूलिंग, डिजिटल प्लेटफॉर्म, और कल्याण पहलों, उच्च कर्मचारी संतोष और 15-20% की सुधार से मजबूत संबंध रखती है। मिलेनियल्स और जनरेशन जेड का प्रभाव अर्थपूर्ण काम, कार्य-जीवन संतुलन, और समावेशी वातावरण की बढ़ती मांग को उजागर करता है। अध्ययन यह भी बताते हैं कि HR का रणनीतिक झुकाव प्रशासनिक भूमिकाओं से डेटा-सूचनात्मक, कर्मचारी-केंद्रित कार्यों की ओर हो गया है। नोट किए गए सीमाओं के बावजूद, यह अनुसंधान आधुनिक HRM की गतिशील प्रकृति में मूल्यवान अंतर्दृष्टियाँ प्रदान करता है, भविष्य की प्रथा और अनुसंधान के लिए मार्गदर्शन करता है। यह उभरती तकनीकों और पीढ़ियों की अपेक्षाओं के लिए निरंतर अनुकूलन की आवश्यकता बताता है ताकि संगठनात्मक लचीलापन और कार्यबल वफादारी को बनाए रखा जा सके।
हसन एट अल। (मंगल,) ने इस प्रश्न का अध्ययन किया।