बेरोजगारी एक बहुत बड़ी समस्या है। इस समस्या का समाधान करने के लिए स्वयंम रोजगार की निर्मिति करनी आवश्यक है। इसके लिए कौशल्य विकसित शिक्षा की जरूरत है। आजवैश्वीकरण, उदारीकरण और तकनीकी प्रगति के इस युग में रोजगार के स्वरूप में व्यापक परिवर्तन आया है। आज केवल शैक्षणिक योग्यता ही नहीं, बल्कि प्रभावीभाषा कौशलरोजगार प्राप्ति का प्रमुख आधार बन गया है। बहुराष्ट्रीय कंपनियाँ, सेवा क्षेत्र, सूचना प्रौद्योगिकी, पर्यटन, मीडिया और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में भाषा दक्षता को अत्यधिक महत्व दिया जा रहा है। यह शोधपत्र रोजगार के अवसरों और भाषा कौशल के आपसी संबंध का विश्लेषण करता है तथा यह स्पष्ट करता है कि किस प्रकार बहुभाषिक दक्षता व्यक्ति की रोजगार क्षमता को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सशक्त बनाती है।
Dr. Pratibha Anandrao Jawale (Sun,) studied this question.